The News point (चंदौली) – दिल्ली में कांग्रेस नेता राहुल गांधी और प्रियंका गांधी को पुलिस द्वारा डिटेन किए जाने तथा समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव को प्रधानमंत्री आवास के पास से हटाए जाने के विरोध में मंगलवार की शाम चंदौली में समाजवादी पार्टी और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने जोरदार विरोध-प्रदर्शन किया. मुगलसराय कोतवाली क्षेत्र के चकिया तिराहा स्थित गंजी प्रसाद तिराहा और शास्त्री पार्क में बड़ी संख्या में दोनों दलों के कार्यकर्ता जुटे और केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए लोकतांत्रिक अधिकारों के हनन का आरोप लगाया.
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि विपक्षी नेताओं की आवाज को दबाने का प्रयास किया जा रहा है, जो लोकतांत्रिक परंपराओं के विपरीत है। कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार से विपक्ष के नेताओं के साथ निष्पक्ष व्यवहार करने और लोकतांत्रिक संस्थाओं की गरिमा बनाए रखने की मांग की. प्रदर्शन का नेतृत्व समाजवादी पार्टी के जिलाध्यक्ष सत्यनारायण राजभर ने किया.
उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में विरोध और अपनी बात रखना हर नागरिक एवं विपक्ष का संवैधानिक अधिकार है. विपक्ष के नेताओं को रोकना और कथित रूप से हिरासत में लेना लोकतांत्रिक मूल्यों पर सीधा हमला है. समाजवादी पार्टी ऐसे हर कदम का लोकतांत्रिक तरीके से विरोध करती रहेगी.
सपा के राष्ट्रीय सचिव एवं पूर्व विधायक मनोज सिंह ‘डब्लू’ ने कहा कि देश में लोकतांत्रिक संस्थाओं को कमजोर करने की कोशिश की जा रही है. विपक्ष की आवाज को दबाकर सरकार जनता के असली मुद्दों से ध्यान भटकाना चाहती है. जनता सब देख रही है और समय आने पर इसका जवाब देगी.
प्रदर्शन के दौरान सकलडीहा विधायक प्रभु नारायण यादव, चंद्रशेखर यादव अमरनाथ जायसवाल समेत कांग्रेस और समाजवादी पार्टी के सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद रहे. विरोध-प्रदर्शन के मद्देनजर कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल तैनात है और पूरे घटनाक्रम पर नजर रखी. वहीं कार्यकर्ताओं ने छोड़े जाने तक धरना प्रदर्शन की चेतावनी दी.


